आईपीएल 2026 : प्रसिद्ध कृष्णा ने बताया आधुनिक टी20 क्रिकेट में गेंदबाजों के बचने का फॉर्मूला!

गुजरात टाइटंस के तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा का मानना है कि आईपीएल 2026 जैसे हाई-स्कोरिंग टूर्नामेंट में गेंदबाजों के लिए लगातार नए वैरिएशन विकसित करना बेहद जरूरी हो गया है, ताकि बल्लेबाजों के दबदबे का मुकाबला किया जा सके।

इस सीजन आईपीएल में टीमें आसानी से 200 से ज्यादा रन बना रही हैं और उनका पीछा भी सफलतापूर्वक कर रही हैं। ऐसे में प्रसिद्ध कृष्णा ने कहा कि गेंदबाजों के लिए अपनी स्किल्स को सही तरीके से लागू करना बेहद अहम हो गया है।

पीटीआई से बातचीत में प्रसिद्ध कृष्णा ने कहा,
“हाँ, एक गेंदबाज के लिए वैरिएशन होना बहुत जरूरी है। आप कोशिश करते हैं कि औसत स्कोर कम हो और इसके लिए पर्दे के पीछे काफी मेहनत करनी पड़ती है।”

उन्होंने आगे कहा, “आपको परिस्थितियों, पिच, मैदान, बल्लेबाजों और हर चीज के लिए तैयारी करनी होती है। यह इतना हाई-स्किल टूर्नामेंट है कि गलती की गुंजाइश बहुत कम रहती है।”

“सब कुछ इस बात पर निर्भर करता है कि आप सही गेंद सही जगह डालें। बल्लेबाज का इरादा समझें, स्थिति को पढ़ें और अपने प्लान पर पूरी तरह भरोसा रखें।”

प्रसिद्ध कृष्णा ने आईपीएल 2026 के 8 मैचों में अब तक 14 विकेट लिए हैं। उन्होंने खुलासा किया कि इस सीजन उनकी स्लो बाउंसर काफी प्रभावी रही है और उन्होंने इसे नेट्स में अभ्यास के दौरान सीखा।

उन्होंने कहा, “यह काफी मजेदार कहानी है क्योंकि मैंने इसे नेट्स में ट्राई करना शुरू किया था। हमारे नेट गेंदबाज दर्शन नालकांडे यह गेंद डाल रहे थे। मैंने उनसे बात की और उन्होंने मुझे तरीका बताया। फिर एक प्रैक्टिस सेशन में यह मुझे अच्छा महसूस हुआ।”

“इसके बाद मैं इसे मैच में ले गया। बस खुद पर भरोसा रखने और टीम के सपोर्ट की जरूरत थी। इसके पीछे काफी मेहनत हुई है।”

हालांकि प्रसिद्ध कृष्णा का मानना है कि इस फॉर्मेट में सफल होने के लिए गेंदबाज को अपनी ताकत पहचाननी बेहद जरूरी है।

उन्होंने कहा, “हार्ड लेंथ गेंद टेस्ट क्रिकेट में भी असरदार रहती है। लेकिन यॉर्कर, स्लो बाउंसर या अन्य वैरिएशन हर गेंदबाज अलग तरीके से डालता है। लसिथ मलिंगा ने ऐसा किया, जसप्रीत बुमराह करते हैं। बात सिर्फ यह है कि आपकी ताकत क्या है और उस परिस्थिति में कौन सी गेंद सही रहेगी।”

30 वर्षीय तेज गेंदबाज ने कहा कि टी20 क्रिकेट में गेंदबाजों को हर गेंद के साथ सोच बदलनी पड़ती है क्योंकि पहले से तय रणनीति हमेशा काम नहीं करती।

उन्होंने कहा, “टी20 में हमें सिर्फ 24 गेंदें डालनी होती हैं। अगर तेज गेंदबाज लगातार छक्के खा रहा है तो उसे तुरंत सोचना पड़ता है कि अब क्या बेहतर किया जा सकता है।”

“यह जरूरी नहीं कि आप पहले से तय करें कि कितनी तेज गेंदें डालनी हैं। लेकिन तेज गेंदबाजी बल्लेबाज के खिलाफ थोड़ा अतिरिक्त फायदा जरूर देती है।”

प्रसिद्ध कृष्णा ने कहा कि टी20 क्रिकेट की सबसे बड़ी खूबसूरती यह है कि हर गेंद एक नया मौका देती है।

उन्होंने कहा, “मान लीजिए आपने 23 गेंदों में 65 रन दे दिए, लेकिन आखिरी गेंद पर आपको सिर्फ 3 रन बचाने हैं, तब भी आप मैच जिता सकते हैं। इसलिए हर गेंद एक नई शुरुआत जैसी होती है।”

उन्होंने गुजरात टाइटंस के हेड कोच आशीष नेहरा की भी जमकर तारीफ की और कहा कि टीम में ‘इंटेंशनल प्रैक्टिस’ यानी उद्देश्यपूर्ण अभ्यास पर काफी जोर दिया जाता है।

प्रसिद्ध ने कहा, “यहाँ का माहौल शानदार है। हम बहुत घंटों तक अभ्यास करते हैं। हम सिर्फ अभ्यास नहीं करते, बल्कि यह सोचकर अभ्यास करते हैं कि हमें मैच में क्या करना है।”

उन्होंने यह भी बताया कि मोहम्मद सिराज, कागिसो रबाडा, जेसन होल्डर और राशिद खान जैसे अनुभवी खिलाड़ियों के साथ लगातार बातचीत ने उन्हें काफी बेहतर बनाया है।

उन्होंने कहा, “जब आप इतने बड़े खिलाड़ियों के साथ खेलते हैं तो सीखने को बहुत मिलता है। हम सिर्फ नेट्स में ही नहीं, बल्कि टीम रूम, बस और खाने के दौरान भी लगातार क्रिकेट पर चर्चा करते रहते हैं।”