
मुंबई इंडियंस के ऑलराउंडर शार्दुल ठाकुर ने खुलासा किया है कि कप्तान हार्दिक पांड्या पिछले तीन मैचों से चोट के कारण बाहर हैं। साथ ही उन्होंने स्टार खिलाड़ी के भविष्य को लेकर चल रही अफवाहों को भी खारिज किया और कहा कि हार्दिक आगामी कोलकाता नाइट राइडर्स मैच में वापसी कर सकते हैं।
पांड्या धर्मशाला में पंजाब किंग्स के खिलाफ मुंबई इंडियंस की छह विकेट की जीत के लिए टीम के साथ यात्रा नहीं कर पाए थे। जसप्रीत बुमराह ने इस सीजन में टीम की कप्तानी तीसरी बार संभाली, क्योंकि सूर्यकुमार यादव अपने बच्चे के जन्म के चलते उपलब्ध नहीं थे।
शार्दुल ठाकुर ने कहा, “हार्दिक घायल हैं, इसलिए वह कुछ मैचों के लिए यात्रा नहीं कर पाए।”
पांड्या 4 मई को लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ मुंबई के घरेलू मैच से पीठ में ऐंठन के कारण बाहर हुए थे। इसके बाद वह टीम के साथ रायपुर गए, लेकिन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाफ भी नहीं खेल सके।
ठाकुर ने आगे कहा, “वह रायपुर गए थे, लेकिन खेल नहीं पाए। अभी वह मुंबई में ट्रेनिंग कर रहे हैं और मुझे उम्मीद है कि वह कोलकाता में वापसी करेंगे और खेलेंगे। ऐसे खिलाड़ियों की क्वालिटी हमें हमेशा मिस होती है।”
इस सीजन में मुंबई इंडियंस और लखनऊ सुपर जायंट्स प्लेऑफ की दौड़ से बाहर होने वाली पहली दो टीमें बन गई हैं।
कप्तान और खिलाड़ी दोनों रूपों में हार्दिक का यह सीजन बेहद खराब रहा है। उन्होंने आठ पारियों में 20.85 की औसत और 136.44 के स्ट्राइक रेट से सिर्फ 146 रन बनाए हैं, जिसमें उनका सर्वोच्च स्कोर 40 रहा। गेंदबाजी में भी वह 20.4 ओवर में सिर्फ चार विकेट ही ले पाए हैं और उनका इकॉनमी रेट लगभग 11.90 रहा है।
खराब सीजन के बाद सोशल मीडिया पर यह चर्चा भी तेज हो गई थी कि हार्दिक दिल्ली कैपिटल्स या चेन्नई सुपर किंग्स जैसी टीमों में जा सकते हैं। हालांकि ठाकुर ने इन अफवाहों को पूरी तरह नकार दिया।
उन्होंने कहा, “सोशल मीडिया पर बहुत सारी बातें चल रही हैं। कुछ सही होती हैं, कुछ गलत। लेकिन धर्मशाला न जाने का फैसला मैनेजमेंट का था।”
हार्दिक के बाहर होने के बाद बुमराह ने पहली बार इस सीजन में मुंबई इंडियंस की कप्तानी की और टीम को सीजन की सिर्फ चौथी जीत दिलाई।
तिलक वर्मा ने 33 गेंदों में नाबाद 75 रन बनाकर 201 रन के लक्ष्य का सफल पीछा कराया, जबकि शार्दुल ठाकुर ने 4/39 के शानदार आंकड़े दर्ज किए।
बुमराह के बारे में बात करते हुए ठाकुर ने कहा, “मेरी उनके साथ अच्छी समझ है। हम काफी चर्चा करते हैं। वह हमेशा अपने आइडियाज शेयर करने के लिए तैयार रहते हैं।”
जब उनसे इस सीजन में मुंबई इंडियंस के तीन कप्तानों की कप्तानी शैली की तुलना करने को कहा गया तो ठाकुर ने कहा कि तीनों की सोच और तरीका अलग है।
उन्होंने कहा, “तुलना करना मुश्किल है क्योंकि तीनों की अपनी अलग सोच है। क्रिकेट में सफलता का कोई तय मंत्र नहीं होता। खिलाड़ी ही कप्तान को अच्छा दिखाते हैं।”
उन्होंने आगे कहा, “तीनों ने भारत और इस फ्रेंचाइजी के लिए कई मैच जिताए हैं। हर सीजन में ऐसे दो-तीन मैच होते हैं जिन्हें ये खिलाड़ी अकेले दम पर जिता देते हैं। युवा खिलाड़ियों को उनसे बहुत कुछ सीखने को मिलता है।”
ठाकुर ने तिलक वर्मा की भी जमकर तारीफ की और कहा कि उन्होंने दबाव में शानदार धैर्य दिखाया।
उन्होंने कहा, “यह धैर्य वाला विकेट था, जहां ढीली गेंद का इंतजार करना जरूरी था। हमने शायद 20 रन ज्यादा दे दिए, लेकिन तिलक ने जिस तरह संयम बनाए रखा, वह शानदार था।”
तीन मैचों के बाद वापसी करने वाले ठाकुर ने कहा कि वह अपने प्रदर्शन से पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं, लेकिन टीम की जीत में योगदान देकर खुश हैं।
उन्होंने कहा, “मैं अपनी गेंदबाजी से पूरी तरह खुश नहीं हूं, लेकिन चार विकेट लेना अच्छा लगा। सबसे ज्यादा खुशी इस बात की है कि मेरे विकेट टीम की जीत के काम आए।”








