
मुंबई इंडियंस के मुख्य कोच महेला जयवर्धने ने कहा कि टीम भले ही पहले कई बार मुश्किल परिस्थितियों से वापसी कर चुकी हो, लेकिन IPL 2026 में टीम में न तो व्यक्तिगत चमक दिखाई दी और न ही सामूहिक प्रदर्शन।
भारत की T20 वर्ल्ड कप विजेता टीम के चार खिलाड़ियों — सूर्यकुमार यादव, जसप्रीत बुमराह, हार्दिक पांड्या और तिलक वर्मा — के होने के बावजूद पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस इस सीजन प्लेऑफ की दौड़ से बाहर होने वाली शुरुआती टीमों में शामिल रही।
मुंबई के भारतीय खिलाड़ियों में जसप्रीत बुमराह ने 4 विकेट, हार्दिक पांड्या ने 172 रन और 4 विकेट, सूर्यकुमार यादव ने 210 रन और तिलक वर्मा ने 356 रन बनाए। हालांकि जयवर्धने का मानना है कि टीम की निराशाजनक स्थिति के लिए केवल इन चार खिलाड़ियों को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता।
जयवर्धने ने राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ आखिरी मैच से पहले कहा, “सिर्फ इन चार खिलाड़ियों का नाम लेना सही नहीं होगा। पूरी टीम के कई खिलाड़ी लगातार अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए, मैं इसे ऐसे देखता हूं।”
उन्होंने आगे कहा, “हां, वे वर्ल्ड कप जैसे बड़े टूर्नामेंट से आए थे। लेकिन आपको यह समझना होगा कि राष्ट्रीय टीम के लिए खेलना और IPL फ्रेंचाइजी के लिए खेलना अलग होता है, क्योंकि यहां खिलाड़ी और भूमिकाएं अलग होती हैं।”
“उनकी भूमिकाएं बदल सकती हैं, खेलने का तरीका बदल सकता है। ट्रेनिंग और तैयारी में उन्होंने कोई कमी नहीं छोड़ी। हमने उनसे लगातार बातचीत भी की।”
जयवर्धने ने कहा कि असली समस्या मैदान पर प्रदर्शन में रही।
उन्होंने कहा, “बस वे मैदान पर जाकर उसे सही तरीके से लागू नहीं कर पाए। क्रिकेट में ऐसा होता है और हमें इसे समझना होगा।”
जयवर्धने के अनुसार, कई और वजहों ने भी मुंबई इंडियंस को प्लेऑफ से दूर रखा।
उन्होंने कहा, “मैं सिर्फ एक कारण नहीं बता सकता। कई चीजों का मिला-जुला असर रहा। हमें पूरी टीम और अन्य खिलाड़ियों से सात-आठ मैचों तक लगातार सकारात्मक प्रदर्शन की जरूरत थी।”
“पहले हमारे पास ऐसे खिलाड़ी होते थे जो अकेले दम पर मैच जिता देते थे। इस बार हमारे बड़े खिलाड़ी वैसा नहीं कर पाए। ऐसा हो सकता है।”
उन्होंने आगे कहा, “ऐसी स्थिति में पूरी टीम को मिलकर प्रदर्शन करना पड़ता है, लेकिन वह भी नहीं हुआ। कई खिलाड़ी उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे। हमने कुछ युवा खिलाड़ियों को भी मौका दिया, लेकिन दबाव में वे भी संघर्ष करते नजर आए। यह ऐसा सीजन रहा जिस पर हमें गंभीरता से विचार करना होगा।”
जयवर्धने ने यह भी साफ किया कि रोहित शर्मा पूरी तरह फिट हैं, लेकिन टीम संयोजन की वजह से उन्हें इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है।
उन्होंने कहा, “उन्हें हैमस्ट्रिंग की चोट थी और हमने उन्हें पूरी तरह ठीक होने का समय दिया। शुरुआती मैचों में हम सावधानी बरत रहे थे। बल्लेबाजी और रनिंग के दौरान भी उन्हें धीरे-धीरे लय में लौटना था।”
“लेकिन मेडिकल टीम के हिसाब से वह 100 प्रतिशत फिट हैं। हम उन्हें मैदान पर इसलिए नहीं उतार रहे क्योंकि टीम कॉम्बिनेशन ऐसा है। इसका उनकी फिटनेस से कोई संबंध नहीं है। उम्मीद है कि बाहर चल रही चर्चाओं पर इसका असर नहीं पड़ेगा।”
जयवर्धने ने हार्दिक पांड्या की निराशा पर भी बात की, जो पिछले मैच में मिस हुए मौके के बाद नजर आई थी।
उन्होंने कहा, “यह सिर्फ हार्दिक के लिए नहीं, हम सभी के लिए मुश्किल रहा। हमें पता था कि हमारे पास प्रतिभा और शानदार स्क्वॉड है, लेकिन हम अपनी क्षमता के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाए।”








