माइकल ब्रेसवेल ने काइल जैमीसन पर जताया भरोसा, भारत के खिलाफ क्रिस्टियन क्लार्क के वनडे डेब्यू की पुष्टि!

न्यूज़ीलैंड के कार्यवाहक कप्तान माइकल ब्रेसवेल ने बताया कि ऑलराउंडर काइल जैमीसन तेज़ गेंदबाज़ी आक्रमण की अगुवाई करेंगे। साथ ही उन्होंने यह भी पुष्टि की कि 24 वर्षीय क्रिस्टियन क्लार्क भारत के खिलाफ पहले वनडे में अपना डेब्यू करेंगे।

भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज़ का पहला मुकाबला रविवार को वडोदरा में खेला जाएगा।

मैच से एक दिन पहले ब्रेसवेल ने कहा, “हमारे पास काइल जैमीसन हैं, जो लंबे समय से क्रिकेट खेल रहे हैं और उनके पास काफी अनुभव है। कप्तान के तौर पर मैं गेंदबाज़ी आक्रमण की अगुवाई के लिए उन पर काफी भरोसा करूंगा। वह बेहद कुशल गेंदबाज़ हैं।”

उन्होंने आगे कहा, “हम अभी अपनी अंतिम प्लेइंग इलेवन पर काम कर रहे हैं, लेकिन मैं यह पक्का कर सकता हूं कि क्रिस्टियन क्लार्क कल (रविवार) अपना डेब्यू करेंगे। यह उनके लिए रोमांचक मौका है। न्यूज़ीलैंड में घरेलू क्रिकेट और यहां की तैयारी के दौरान उन्होंने शानदार गेंदबाज़ी की है, जिससे हम काफी उत्साहित हैं।”

हालांकि इस दौरे पर न्यूज़ीलैंड के कुछ शीर्ष बल्लेबाज़ मौजूद हैं और ब्रेसवेल के मुताबिक बल्लेबाज़ी उनकी “ताकत” है।

उन्होंने कहा, “अगर आप हमारी टीम का अनुभव देखें तो वह बल्लेबाज़ी विभाग में है, जो हमारे लिए अच्छी बात है। हमें भरोसा है कि हमारी बल्लेबाज़ी मज़बूत रहेगी और युवा खिलाड़ियों के लिए भी मौके होंगे।”

ब्रेसवेल ने माना कि दुनिया की नंबर एक टीम भारत से खेलने से पहले यहां ज़्यादा समय मिलना उनके लिए फायदेमंद है।

उन्होंने कहा, “शायद हमारी टीम में सामान्य तौर पर जितना अनुभव होता है, उतना नहीं है। लेकिन इसके बावजूद हम यहां ऊंची उम्मीदों के साथ आए हैं। हम इन परिस्थितियों में खेलने का अनुभव हासिल करना चाहते हैं और अच्छा प्रदर्शन करना चाहते हैं।”

उन्होंने आगे जोड़ा, “टी20 वर्ल्ड कप से पहले यहां आकर खेलना हमारे लिए बड़ा फायदा है। फिलहाल हमारा पूरा फोकस इस वनडे सीरीज़ पर है और हम इसमें असर डालना चाहते हैं। हमें इन अलग परिस्थितियों में अपने कौशल को निखारने का मौका मिल रहा है। हममें से कुछ खिलाड़ी पहले से मुंबई में व्यावसायिक प्रतिबद्धताओं के चलते यहां मौजूद थे।”

23 वर्षीय लेग स्पिनर आदित्य अशोक को लेकर भी ब्रेसवेल ने भरोसा जताया।

उन्होंने कहा, “वह लंबे कद के हैं, तेज़ गेंद डालते हैं और गेंद को अच्छी स्पिन देते हैं। अगर उन्हें मौका मिलता है तो वह अच्छा करेंगे। नेट्स में उन्होंने शानदार गेंदबाज़ी की है।”

ब्रेसवेल ने माना कि भारत की बड़ी भीड़ में खेलना अलग तरह का अनुभव होता है।

उन्होंने कहा, “यहां काफी डिस्ट्रैक्शन होते हैं। न्यूज़ीलैंड में, खासकर घरेलू क्रिकेट में, हम इतनी बड़ी भीड़ के सामने खेलने के आदी नहीं हैं। यहां 40 हज़ार दर्शकों से भरे स्टेडियम में खेलना कुछ खिलाड़ियों के लिए अलग अनुभव होगा।”

उन्होंने बताया, “हमने इस बारे में बात की है कि मैदान पर उतरते वक्त क्या उम्मीद करनी चाहिए। डेवोन कॉनवे ने यहां काफी क्रिकेट खेला है और उन्होंने अपने अनुभव साझा किए हैं, चाहे वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट हो या आईपीएल। ग्लेन फिलिप्स भी यहां काफी खेल चुके हैं।”

ब्रेसवेल ने वडोदरा के बीसीए स्टेडियम की सुविधाओं की भी तारीफ की, जहां पहला पुरुष अंतरराष्ट्रीय मैच खेला जाएगा।

उन्होंने कहा, “यह नया मैदान है और सब कुछ आधुनिक लगता है। सुविधाएं बेहतरीन हैं और आउटफील्ड शानदार दिख रही है। एक पल तो मुझे घास उठाकर देखनी पड़ी कि असली है या नहीं।”