श्रेयस अय्यर ने टी20 सीरीज हार के बाद आयरलैंड की शानदार रणनीति और प्रदर्शन की तारीफ की!

भारत के कप्तान श्रेयस अय्यर ने रविवार को बेलफास्ट में ऐतिहासिक 2-0 टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज जीतने वाली आयरलैंड टीम की परिस्थितियों को समझने की क्षमता और उनकी योजनाओं के बेहतरीन एक्जीक्यूशन की जमकर सराहना की।

पहले मैच में भारत को 34 रन से हराने के महज 48 घंटे बाद आयरलैंड ने दूसरे मुकाबले में मौजूदा टी20 विश्व चैंपियन भारत को एक रन से हराकर यादगार सीरीज अपने नाम कर ली।

सीरीज के बाद पुरस्कार वितरण समारोह में अय्यर ने कहा, “हमारे लिए यह अच्छी सीरीज नहीं रही, लेकिन जिस तरह आयरलैंड ने खेल दिखाया, उसका पूरा श्रेय उन्हें जाता है। उन्हें विकेट के व्यवहार की शानदार समझ थी और उनकी फील्डिंग भी बेहतरीन रही। उनके गेंदबाजों ने अपनी योजनाओं को शानदार तरीके से लागू किया। उस विभाग में उन्होंने हमें पूरी तरह पछाड़ दिया।”

अय्यर ने भारत के लिए सकारात्मक पहलू के रूप में तेज गेंदबाज प्रिंस यादव के प्रदर्शन का भी जिक्र किया। अपने टी20 अंतरराष्ट्रीय पदार्पण में प्रिंस ने 3 विकेट लेकर 22 रन दिए।

उन्होंने कहा, “प्रिंस के पास आईपीएल का अच्छा अनुभव है। गेंदबाजी के दौरान उनके अपने विचार और योजनाएं होती हैं। सूर्यांश (शेडगे) ने भी अच्छा प्रदर्शन किया।”

आयरलैंड के कप्तान लॉर्कन टकर ने कहा कि इस ऐतिहासिक उपलब्धि का एहसास धीरे-धीरे होगा।

उन्होंने कहा, “मुझे अभी भी यकीन नहीं हो रहा है। मैंने खिलाड़ियों से कहा था कि दुनिया को दिखाओ कि पहली जीत कोई इत्तेफाक नहीं थी और उन्होंने शानदार जवाब दिया। हम पिछले मैच जैसी ही मानसिकता के साथ मैदान पर उतरे। हमने दिखा दिया कि क्रिकेट को आसान तरीके से भी खेला जा सकता है, इसे जरूरत से ज्यादा जटिल बनाने की आवश्यकता नहीं है।”

सीरीज से पहले कई प्रमुख खिलाड़ियों के चोटिल होने के बावजूद टकर अपनी टीम के प्रदर्शन से बेहद खुश नजर आए।

उन्होंने कहा, “हमारी टीम में कई ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्होंने बहुत कम अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं, लेकिन उन्होंने शानदार जज्बा दिखाया। भारत जैसी टीम के खिलाफ खेलने का मौका मिलना हमारे लिए सौभाग्य की बात है। आयरलैंड में पेशेवर क्रिकेटर होने का यह बेहतरीन समय है।”

मैच और सीरीज के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी जय मूंद्रा, जो एमटेक की पढ़ाई के लिए डबलिन यूनिवर्सिटी आए थे, ने कहा कि उन्हें अभी भी इस उपलब्धि पर विश्वास नहीं हो रहा।

उन्होंने कहा, “अभी भी यह सब समझने की कोशिश कर रहा हूं। यह एक अद्भुत एहसास है। टीम मैनेजमेंट का धन्यवाद, जिन्होंने मुझ पर भरोसा जताया। हर खिलाड़ी के करियर में उतार-चढ़ाव आते हैं, लेकिन आपको धैर्य रखना होता है और लगातार मेहनत करते रहना होता है। टीम ने मुझे हमेशा अपना ही सदस्य महसूस कराया। यहां का माहौल शानदार है और सभी लोग बहुत अच्छे हैं। अभी भी इस पल को पूरी तरह महसूस करने की कोशिश कर रहा हूं।”

जब उनसे उनकी सफलता का राज पूछा गया तो मूंद्रा ने कहा कि उनके लिए बुनियादी बातों पर टिके रहना और अपनी प्रक्रिया का पालन करना सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है।