
किलियन एम्बाप्पे ने दो गोल दागकर फ्रांस को मंगलवार को फीफा विश्व कप ग्रुप I मुकाबले में सेनेगल पर 3-1 की जीत दिलाई और साथ ही वह फ्रांस के इतिहास के सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ी भी बन गए।
सेनेगल के खिलाफ जीत हासिल करने के लिए फ्रांस को कड़ी मेहनत करनी पड़ी। पहले हाफ में अफ्रीकी टीम बेहतर नजर आई, लेकिन दूसरे हाफ में फ्रांस ने अपना स्तर ऊंचा कर दिया।
उम्मीद के मुताबिक कप्तान किलियन एम्बाप्पे ने टीम की अगुवाई की। उन्होंने 66वें मिनट में सेनेगल की रक्षा पंक्ति में जगह बनाकर शांत अंदाज में गोल करते हुए मैच का गतिरोध तोड़ा।
इसके बाद स्थानापन्न खिलाड़ी ब्रैडली बारकोला ने फ्रांस की बढ़त को दोगुना कर दिया। फिर इंजरी टाइम में एम्बाप्पे ने इतिहास रच दिया। इब्राहिम मबाये के सेनेगल के लिए एक गोल करने के कुछ ही पलों बाद एम्बाप्पे ने लंबी दूरी से शानदार गोल दागते हुए फ्रांस के लिए अपना 58वां गोल किया और ओलिवियर जिरू को पीछे छोड़ते हुए देश के सर्वकालिक शीर्ष गोल स्कोरर बन गए।
मैच के बाद एम्बाप्पे ने कहा, “मैं फ्रांसीसी फुटबॉल के इतिहास में अपनी छाप छोड़ना चाहता हूं और अपनी टीम को विश्व कप जिताने में मदद करना चाहता हूं।”
उन्होंने आगे कहा, “हम अभी अपने सर्वश्रेष्ठ स्तर पर नहीं हैं, लेकिन किसी भी टूर्नामेंट की शुरुआत जीत के साथ करना हमेशा महत्वपूर्ण होता है। इससे आत्मविश्वास मिलता है, हालांकि विश्व कप में आप कभी पूरी तरह निश्चिंत नहीं हो सकते।”
सेनेगल ने मैच की शुरुआत शानदार अंदाज में की और फ्रांस को काफी परेशान किया। निकोलस जैक्सन और इस्माइला सार खास तौर पर खतरनाक दिखे, जबकि फ्रांस अपनी लय तलाशने में संघर्ष करता रहा।
जैक्सन ने एक तेज काउंटर अटैक के दौरान लगभग गोल कर ही दिया था। वह बॉक्स में घुसे और उनका निचला शॉट पोस्ट से टकराया, जिसके बाद गेंद गोलकीपर माइक मेन्यां की एड़ी से लगकर कॉर्नर के लिए बाहर चली गई।
एम्बाप्पे का पहला हाफ अपेक्षाकृत शांत रहा। वह कई पास गलत कर बैठे और सेनेगल की संगठित रक्षा के सामने उन्हें ज्यादा जगह नहीं मिली।
ऑरेलियन त्चौमेनी के बार-बार डिफेंस में नीचे आने के कारण मिडफील्ड में एड्रियन राबियो पर अतिरिक्त जिम्मेदारी आ गई। फ्रांस ने मुख्य रूप से डेज़िरे डुए और माइकल ओलिसे के जरिए विंग्स से या सीधे एम्बाप्पे की ओर लंबी गेंदें खेलकर हमला किया।
हाफ टाइम से ठीक पहले सेनेगल के पास बढ़त लेने का सुनहरा मौका था। सादियो माने बाईं ओर से तेजी से आगे बढ़े और बिना मार्किंग वाले सार को शानदार क्रॉस दिया, लेकिन उन्होंने बेहद नजदीक से गेंद बार के ऊपर मार दी।
दूसरे हाफ में फ्रांस कहीं अधिक आक्रामक नजर आया। 58वें मिनट में टीम को तब निराशा हुई जब उसे पेनल्टी नहीं मिली। वीएआर ने रेफरी को बॉक्स के अंदर माने द्वारा एम्बाप्पे पर किए गए टैकल की समीक्षा करने को कहा, लेकिन रेफरी ने अपना मूल फैसला बरकरार रखा।
आखिरकार 66वें मिनट में फ्रांस को सफलता मिली। ओलिसे ने दाईं ओर से गेंद लेकर डिफेंस के बीच से सटीक पास निकाला। एम्बाप्पे ने शानदार टाइमिंग के साथ दौड़ लगाई और बेहतरीन फिनिश करते हुए गोल कर दिया।
82वें मिनट में फ्रांस ने स्कोर 2-0 कर दिया। राबियो ने बारकोला को गोल की ओर बढ़ने का मौका दिया और मैदान पर आए महज दो मिनट हुए इस खिलाड़ी ने गोलकीपर एडुआर्ड मेंडी के ऊपर से शानदार चिप शॉट खेलकर गेंद जाल में पहुंचा दी।
95वें मिनट में सेनेगल ने वापसी की उम्मीद जगाई। इब्राहिम मबाये ने थियो हर्नांडेज को शानदार कौशल से छकाया और फिर जोरदार शॉट लगाकर गेंद को टॉप कॉर्नर में पहुंचा दिया।
हालांकि आखिरी शब्द एम्बाप्पे का ही रहा। इंजरी टाइम के अंतिम क्षणों में उन्होंने बॉक्स के बाहर से एक शक्तिशाली शॉट लगाया, जो सीधे टॉप-लेफ्ट कॉर्नर में जाकर समा गया और फ्रांस की शानदार जीत पर मुहर लगा दी।








