
इंग्लैंड की कप्तान नेट साइवर-ब्रंट ने चोट से वापसी करते हुए शानदार 75 रन की पारी खेली और उनकी कप्तानी में इंग्लैंड ने गुरुवार को द ओवल में खेले गए महिला टी20 विश्व कप के सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका को 40 रन से हराकर फाइनल में जगह बना ली।
पहले बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड की शुरुआत बेहद खराब रही। टीम ने महज चार ओवर में 23 रन पर तीन विकेट गंवा दिए, जिससे एक बार फिर बड़े टूर्नामेंट के नॉकआउट मुकाबले में हार का खतरा मंडराने लगा। लेकिन पिंडली की चोट के कारण पिछले तीन ग्रुप मैच नहीं खेल पाने वाली साइवर-ब्रंट ने शानदार वापसी करते हुए पारी को संभाल लिया।
21 हजार से ज्यादा दर्शकों की मौजूदगी में उन्होंने पूर्व कप्तान हीदर नाइट (58) के साथ चौथे विकेट के लिए 133 रन की बेहतरीन साझेदारी की। दोनों बल्लेबाज़ 2017 वनडे विश्व कप जीतने वाली इंग्लैंड टीम की सदस्य रही हैं और उनके अनुभव ने टीम को 20 ओवर में 169/5 के मजबूत स्कोर तक पहुंचाया।
अब मेजबान इंग्लैंड का सामना रविवार को लॉर्ड्स में होने वाले फाइनल में चिर-प्रतिद्वंद्वी ऑस्ट्रेलिया से होगा। दोनों टीमें टूर्नामेंट में अब तक अपने सभी छह मुकाबले जीतकर फाइनल में पहुंची हैं।
170 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ्रीका की टीम कभी भी मुकाबले में मजबूत स्थिति में नहीं दिखी और 20 ओवर में 129/8 रन ही बना सकी।
प्लेयर ऑफ द मैच चुनी गई साइवर-ब्रंट ने मैच के बाद कहा, “मैं थोड़ी नर्वस थी क्योंकि यह बड़ा मुकाबला था। चोट के कारण कुछ मैच नहीं खेल पाई थी, इसलिए भावनाएं भी काफी थीं।”
उन्होंने आगे कहा, “मारिज़ाने कैप और शबनिम इस्माइल दुनिया की बेहतरीन नई गेंद की गेंदबाज़ हैं। इसलिए हीदर और मैंने तय किया कि पहले उनके खतरे को खत्म करेंगे और फिर बाकी गेंदबाज़ों पर हमला करेंगे। हमने अनुभव का इस्तेमाल किया और धैर्य के साथ बल्लेबाजी की।”
दक्षिण अफ्रीका की ओर से मारिज़ाने कैप सबसे किफायती गेंदबाज़ रहीं। उन्होंने चार ओवर में सिर्फ 16 रन देकर एक विकेट लिया। वहीं शबनिम इस्माइल ने 31 रन देकर दो विकेट झटके। हालांकि अयाबोंगा खाखा और नादिन डी क्लर्क के सात विकेटरहित ओवरों में 79 रन खर्च हुए, जो टीम पर भारी पड़े।
दक्षिण अफ्रीका की कप्तान लौरा वोलवार्ट ने हार स्वीकार करते हुए कहा, “हमें लगा था कि 170 का लक्ष्य बराबरी का स्कोर है, लेकिन इंग्लैंड ने बेहतरीन गेंदबाज़ी की और हमारी बल्लेबाज़ी उनके सामने टिक नहीं पाई।”
इससे पहले दक्षिण अफ्रीका ने शानदार शुरुआत करते हुए शुरुआती चार ओवर में इंग्लैंड के तीन विकेट झटक लिए थे। एमी जोन्स, डैनी वायट-हॉज और ऐलिस कैप्सी जल्दी पवेलियन लौट गईं।
हालांकि इसके बाद साइवर-ब्रंट और हीदर नाइट ने पारी को संभाला। साइवर-ब्रंट ने 35 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया, जबकि नाइट ने 42 गेंदों में फिफ्टी जमाई। अंतिम ओवरों में नोनकुलुलेको मलाबा ने दोनों बल्लेबाज़ों को आउट किया, लेकिन तब तक इंग्लैंड मजबूत स्थिति में पहुंच चुका था।
लक्ष्य का पीछा करते हुए दक्षिण अफ्रीका को शुरुआती झटके जल्दी लगे। कप्तान वोलवार्ट सिर्फ 17 रन बनाकर आउट हो गईं। इसके बाद एनरी डर्कसन और मारिज़ाने कैप भी सस्ते में पवेलियन लौट गईं।
सलामी बल्लेबाज़ ताज़मिन ब्रिट्स ने रनगति बनाए रखते हुए अर्धशतक जरूर लगाया, लेकिन दूसरे छोर से लगातार विकेट गिरते रहे। टीम जब 95/5 पर पहुंची, तभी मुकाबला लगभग इंग्लैंड की झोली में चला गया।
गौरतलब है कि इससे पहले मंगलवार को खेले गए पहले सेमीफाइनल में छह बार की चैंपियन ऑस्ट्रेलिया ने वेस्टइंडीज़ को आठ विकेट से हराकर फाइनल में प्रवेश किया था।
अब रविवार को लॉर्ड्स में महिला टी20 विश्व कप का बहुप्रतीक्षित फाइनल खेला जाएगा, जहां इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया खिताब के लिए आमने-सामने होंगे।







