प्रभसिमरन ने भारत के लिए पहली T20I कॉल-अप का श्रेय युवराज सिंह और रिकी पोंटिंग को दिया!

पिछले दो आईपीएल सीजन में 500 से ज्यादा रन बनाने के बाद पंजाब किंग्स के शानदार ओपनर प्रभसिमरन सिंह को उम्मीद थी कि उन्हें भारतीय टीम में मौका मिलेगा। हाल ही में श्रीलंका में इंडिया ए के लिए उनके प्रदर्शन ने इस उम्मीद को और मजबूत कर दिया।

प्रभसिमरन 2023 एशियन गेम्स में भारतीय टीम का हिस्सा थे, लेकिन उन्हें खेलने का मौका नहीं मिला था। अब इस महीने के अंत में जिम्बाब्वे के खिलाफ होने वाली तीन मैचों की टी20 सीरीज के लिए चुने जाने के बाद वह जानते हैं कि अगर उन्हें हरारे में मौका मिलता है तो उन्हें अपनी छाप छोड़नी होगी, क्योंकि टी20 फॉर्मेट में जगह के लिए कड़ी प्रतिस्पर्धा है।

संजू सैमसन को हैरान करने वाले फैसले के तहत टीम से बाहर रखा गया है, जबकि प्रभसिमरन को ईशान किशन के बाद टीम के दूसरे विकेटकीपर बल्लेबाज के रूप में चुना गया है।

प्रभसिमरन ने पीटीआई से कहा, “जब वह चीज होती है जिसके लिए आप पूरी जिंदगी मेहनत करते हैं, तो अच्छा महसूस होता है। उस समय एशियन गेम्स का अनुभव अच्छा था, लेकिन मुझे खेलने का मौका नहीं मिला, इसलिए मैं उस दबाव के बारे में नहीं बता सकता जो भारत के लिए डेब्यू करते समय महसूस होता है।”

उन्होंने आगे कहा, “अब मेरे दिल में यही है कि अगर मैं वहां (जिम्बाब्वे) जा रहा हूं तो बिना खेले वापस नहीं आना चाहता। मैंने हमेशा सोचा है कि मुझे देश का प्रतिनिधित्व करना है, लेकिन वहां टिकना भी है। मेरे दिमाग में सिर्फ यही बात है। अगर मौका मिला तो मैं अपना सर्वश्रेष्ठ दूंगा ताकि टीम से बाहर न होना पड़े।”

पिछले एक साल में प्रभसिमरन की निरंतरता काफी खास रही है। पिछले आईपीएल सीजन में उनकी छह 50+ पारियां इस बात का सबूत हैं कि अब वह 20 और 30 रन की शुरुआत को बड़े स्कोर में बदल रहे हैं। प्रियांश आर्य के साथ उनकी जोड़ी आईपीएल की सबसे खतरनाक ओपनिंग जोड़ियों में से एक बन चुकी है।

प्रभसिमरन को प्रेरणा के लिए ज्यादा दूर देखने की जरूरत नहीं है क्योंकि वह पंजाब के अपने साथी खिलाड़ियों अभिषेक शर्मा और शुभमन गिल के साथ एज ग्रुप क्रिकेट खेल चुके हैं।

वर्ल्ड कप विजेता ऑलराउंडर युवराज सिंह, अभिषेक और प्रभसिमरन दोनों के मेंटर हैं।

प्रभसिमरन ने कहा, “आईपीएल के बाद मेरी युवी पाजी के साथ कोई ट्रेनिंग सेशन नहीं हुआ, लेकिन इंडिया टीम में चयन के बाद मैंने उन्हें फोन किया था। हमारी लंबी बातचीत हुई। उन्होंने अपने इंटरनेशनल क्रिकेट के अनुभव साझा किए। वह हमेशा कहते हैं कि गेंदबाज से एक कदम आगे रहो।”

वहीं पंजाब किंग्स के हेड कोच और महान क्रिकेटर रिकी पोंटिंग को लेकर उन्होंने कहा, “दोनों अलग-अलग व्यक्तित्व के हैं, लेकिन उनकी सोच एक जैसी है। रिकी सर ने मेरी सफलता में बहुत बड़ा योगदान दिया है। उन्होंने ही मुझे फोन करके मेरे रिटेंशन (2024) के बारे में बताया था। उन्होंने कहा था कि वह मुझे बेहतर खिलाड़ी बनाएंगे और उन्होंने ऐसा किया।”

उन्होंने आगे कहा, “जब आपको नतीजे दिखते हैं तो आप उनसे और सीखना चाहते हैं। मैं युवी पाजी और रिकी सर दोनों का शुक्रगुजार हूं। आईपीएल और पंजाब किंग्स ने मेरे विकास में बहुत अहम भूमिका निभाई है। यह फ्रेंचाइजी के साथ मेरा आठवां सीजन था और मुझे खुशी है कि इसी टीम के साथ रहते हुए मुझे इंडिया कॉल-अप मिला।”

टी20 जैसे तेज फॉर्मेट में प्रभसिमरन न सिर्फ ज्यादा भरोसेमंद बने हैं बल्कि अब वह पारंपरिक शॉट्स के जरिए अलग-अलग तरीके से बल्लेबाजी भी कर सकते हैं।

टी20 क्रिकेट में अपने बदलाव को लेकर उन्होंने कहा, “आज के समय में आपको हाई रिस्क क्रिकेट खेलना पड़ता है। पहले 160-170 रन चेज करना मुश्किल लगता था। अब अगर कोई टीम 220-240 रन भी बना ले, तो भी सुरक्षित महसूस नहीं होता। आपको जोखिम लेकर खेलना पड़ता है और फिर भी लगातार अच्छा प्रदर्शन करना होता है। मेरा ध्यान इसी पर रहता है।”

उन्होंने आगे कहा, “जब भी मुझे खाली समय मिलता है तो मैं ज्यादा बाहर नहीं जाता। क्रिकेट से ब्रेक लेना जरूरी है, लेकिन मैं सिर्फ एक-दो दिन ही ऐसा कर पाता हूं। मुझे ट्रेनिंग में भी लंबी बल्लेबाजी करना पसंद है।”

“अगर मुझे नेट्स में 7-8 गेंदबाज मिलते हैं तो मैं चाहता हूं कि हर गेंदबाज मुझे कम से कम 10 ओवर गेंदबाजी करे। अगर आपको लंबे समय तक बने रहना है तो हर साल अपने खेल में कुछ नया जोड़ना जरूरी है।”