
जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज औकिब नबी का कहना है कि दक्षिण अफ्रीका के पूर्व तेज गेंदबाज डेल स्टेन की तेज गति पर स्विंग कराने की कला ने उन्हें फास्ट बॉलर बनने के लिए प्रेरित किया।
नबी, जिन्होंने इस साल जम्मू-कश्मीर को पहली बार रणजी ट्रॉफी जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई, फिलहाल दिल्ली कैपिटल्स के कैंप में अपने आईपीएल डेब्यू का इंतजार कर रहे हैं।
नबी ने कहा, “जब मैं छोटा था, तब मैं डेल स्टेन को बहुत देखा करता था। जिस तरह वह इतनी तेज गति से गेंद को स्विंग कराते थे, उसने मुझे फास्ट बॉलर बनने और एक दिन भारत के लिए खेलने के लिए प्रेरित किया। मैं हमेशा क्रिकेट खेलता रहता था, जिसके लिए मुझे अपने पिता से काफी डांट भी पड़ती थी, क्योंकि वह चाहते थे कि मैं डॉक्टर बनूं।”
उन्होंने आगे बताया, “जब इरफान भाई जम्मू-कश्मीर टीम के मेंटर बने, तब मैं अंडर-23 टीम में था और वहां के मेरे प्रदर्शन ने उनका ध्यान खींचा। उन्होंने मुझे सीनियर टीम में डेब्यू करने में मदद की। वह मुझे लगातार टिप्स देते थे और काफी मार्गदर्शन करते थे।”
इरफान पठान के अनुसार, औकिब नबी जम्मू-कश्मीर के लिए तेज गेंदबाजों का मजबूत समूह तैयार करने की योजना का अहम हिस्सा थे।
पठान ने कहा, “मैंने औकिब नबी को पहली बार 2018 में देखा था। जब मैं जम्मू-कश्मीर टीम का मेंटर था, तब हम 8 से 10 तेज गेंदबाजों का मजबूत ग्रुप बनाना चाहते थे। औकिब उनमें से एक महत्वपूर्ण गेंदबाज थे। वह लंबे स्पेल डालते थे, खासकर अंडर-23 और जूनियर क्रिकेट में, जो काफी प्रभावशाली था। इसके अलावा, गेंद को लेट मूव कराने की उनकी क्षमता भी शानदार है।”
पठान ने यह भी बताया कि नबी की खासियत उनकी दोनों तरफ स्विंग कराने और सीम से मूवमेंट निकालने की क्षमता है।
उन्होंने कहा, “कई अंतरराष्ट्रीय गेंदबाजों की सीम सीधी रहती है, जैसे जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद शमी। औकिब नबी की रफ्तार भले ही 140 किमी/घंटा न हो, लेकिन जिस तरह वह गेंद डालते हैं, वह पिच पर पड़ने के बाद तेज हो जाती है। वह स्टंप्स के करीब गेंदबाजी करते हुए लगातार बाहर की ओर स्विंग करा सकते हैं और अंदर आती गेंद से बल्लेबाजों को चौंका भी सकते हैं, जो उनकी बड़ी ताकत है।”








