टी20 वर्ल्ड कप के यादगार पल: भारत-पाकिस्तान ड्रामा से लेकर संजू सैमसन की शानदार वापसी तक!

अहमदाबाद में खेले गए टी20 वर्ल्ड कप फाइनल में भारत ने न्यूज़ीलैंड को हराकर अपने खिताब का सफलतापूर्वक बचाव किया। इस टूर्नामेंट में कई ऐसे पल रहे जो लंबे समय तक याद रखे जाएंगे। आइए नजर डालते हैं कुछ प्रमुख घटनाओं पर:

भारत बनाम पाकिस्तान

टूर्नामेंट का सबसे बड़ा मुकाबला भारत और पाकिस्तान के बीच रहा। इस मैच से पहले काफी विवाद और तनाव देखने को मिला।
बांग्लादेश ने भारत में खेलने से इनकार कर दिया था और टूर्नामेंट में भाग नहीं लिया। इसके समर्थन में पाकिस्तान ने भी भारत के खिलाफ अपना ग्रुप मैच बहिष्कार करने की धमकी दी थी।

आखिरी समय में स्कॉटलैंड को बांग्लादेश की जगह शामिल किया गया। आईसीसी के साथ लंबी बातचीत के बाद पाकिस्तान सरकार ने अपना फैसला बदल दिया और कोलंबो में यह बहुप्रतीक्षित मैच खेला गया।

भारत ने यह मुकाबला जीत लिया, लेकिन मैच के बाद दोनों टीमों के कप्तानों और खिलाड़ियों के बीच हैंडशेक भी नहीं हुआ, जिससे मैदान पर तनाव साफ दिखाई दिया।

दो सुपर ओवर का रोमांच

दक्षिण अफ्रीका और अफगानिस्तान के बीच खेले गए ग्रुप मैच में इतिहास का पहला डबल सुपर ओवर देखने को मिला।

अहमदाबाद में पहले बल्लेबाजी करते हुए दक्षिण अफ्रीका ने 187/6 बनाए, जिसके जवाब में अफगानिस्तान भी 187 रन पर ऑलआउट हो गया।

पहला सुपर ओवर भी बराबरी पर खत्म हुआ। इसके बाद दूसरे सुपर ओवर में रोमांच चरम पर था। अफगानिस्तान के बल्लेबाज रहमानुल्लाह गुरबाज को जीत के लिए चार गेंदों में चार छक्कों की जरूरत थी, लेकिन वह तीन छक्के लगाने के बाद आउट हो गए और दक्षिण अफ्रीका ने मैच जीत लिया।

ऑस्ट्रेलिया की चौंकाने वाली विदाई

टूर्नामेंट में सबसे बड़ा उलटफेर तब हुआ जब जिम्बाब्वे ने ग्रुप मैच में ऑस्ट्रेलिया को हरा दिया। 170 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए ऑस्ट्रेलिया सिर्फ 146 रन पर ऑलआउट हो गई।

इसके बाद श्रीलंका से भी हार और प्रमुख तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड और पैट कमिंस की चोट के कारण ऑस्ट्रेलिया की मुश्किलें बढ़ गईं।

जिम्बाब्वे और आयरलैंड का मैच बारिश से रद्द होने के बाद ऑस्ट्रेलिया टूर्नामेंट के दूसरे चरण में पहुंचने में असफल रही। 2021 की चैंपियन टीम के लिए यह बड़ा झटका था।

संजू सैमसन की शानदार वापसी

भारत के संजू सैमसन ने इस टूर्नामेंट में शानदार वापसी की कहानी लिखी। वेस्टइंडीज के खिलाफ करो या मरो वाले मुकाबले में उन्होंने नाबाद 97 रन बनाकर भारत को 196 रन के लक्ष्य तक पहुंचाया और टीम को सेमीफाइनल में पहुंचाया।

शुरुआत में सैमसन प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं थे, लेकिन सुपर एट चरण में उन्हें मौका मिला। कोलकाता के ईडन गार्डन्स में उनकी 50 गेंदों की पारी में 12 चौके और 4 छक्के शामिल थे।

इसके बाद उन्होंने सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ 89 रन बनाए और फाइनल में भी शानदार प्रदर्शन किया। पूरे टूर्नामेंट में बेहतरीन खेल के कारण उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया।

टी20 वर्ल्ड कप का सबसे तेज शतक

पहले सेमीफाइनल में न्यूज़ीलैंड के ओपनर फिन एलेन ने टी20 वर्ल्ड कप का सबसे तेज शतक लगाया। उन्होंने सिर्फ 33 गेंदों में शतक जड़ दिया।

उनकी पारी में 10 चौके और 8 छक्के शामिल थे। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी के सामने दक्षिण अफ्रीका की टीम बिखर गई।

न्यूज़ीलैंड ने 170 रन का लक्ष्य 7.1 ओवर में हासिल कर लिया। इस पारी के साथ एलेन ने क्रिस गेल के 2016 में बनाए 47 गेंदों के रिकॉर्ड को तोड़ दिया।