ऑल इंग्लैंड ओपन 2026: लक्ष्य सेन ने विक्टर लाई को हराकर फाइनल में बनाई जगह, लिन चुन-यी से होगा मुकाबला!

भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी लक्ष्य सेन ने जबरदस्त जुझारूपन दिखाते हुए अपने पैर में पड़े छालों और तेज़ ऐंठन (क्रैम्प) के बावजूद कनाडा के विक्टर लाई को हराकर शनिवार को बर्मिंघम में खेले गए ऑल इंग्लैंड ओपन के फाइनल में जगह बना ली। अब वह भारत के 25 साल के लंबे इंतजार को खत्म करने से सिर्फ एक जीत दूर हैं।

यह सेमीफाइनल मुकाबला 1 घंटे 37 मिनट तक चला, जिसमें लक्ष्य ने 21-16, 18-21, 21-15 से जीत दर्ज की। 21 वर्षीय लाई पिछले साल पेरिस में हुई वर्ल्ड चैंपियनशिप में ब्रॉन्ज मेडल जीत चुके हैं। लक्ष्य को ऑल इंग्लैंड फाइनल खेलने का अनुभव भी है, क्योंकि वह 2022 में इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट के उपविजेता रहे थे।

अब 24 वर्षीय लक्ष्य रविवार को फाइनल में चीनी ताइपे के वर्ल्ड नंबर 11 लिन चुन-यी से भिड़ेंगे।

अब तक प्रकाश पादुकोण (1980) और पुलेला गोपीचंद (2001) ही ऐसे भारतीय खिलाड़ी हैं जिन्होंने ऑल इंग्लैंड खिताब जीता है।

सेमीफाइनल में दोनों खिलाड़ियों के बीच लंबी-लंबी रैलियां देखने को मिलीं, जिनमें एक रैली 86 शॉट्स तक चली। लक्ष्य ने अपने सटीक डिफेंस और शानदार स्ट्रोकप्ले से मुकाबले पर पकड़ बनाए रखी।

मैच की शुरुआत ही बेहद रोमांचक रही, जब दोनों खिलाड़ियों के बीच 52 शॉट्स की लंबी रैली हुई और मुकाबला बराबरी का रहा।

पहले गेम में लक्ष्य ने 10-8 की बढ़त बनाई, लेकिन लाई ने शानदार स्मैश और नेट शॉट से बराबरी कर ली। ब्रेक तक लक्ष्य ने एक अंक की बढ़त बनाए रखी और फिर अपने आक्रमण को तेज करते हुए स्कोर 18-16 किया और लगातार तीन अंक लेकर पहला गेम जीत लिया।

दूसरे गेम की शुरुआत भी उतनी ही तेज रही, लेकिन 3-4 के स्कोर पर लक्ष्य को अपने पैर के छालों के इलाज के लिए कोर्ट छोड़ना पड़ा। खेल फिर शुरू होने पर लाई ने रक्षात्मक खेल दिखाते हुए 9-4 की बढ़त बना ली। लक्ष्य ने वापसी की कोशिश की और स्कोर 16-16 कर दिया, लेकिन लाई ने दो गेम पॉइंट लेकर गेम जीत लिया और मैच को निर्णायक गेम में पहुंचा दिया।

तीसरे और अंतिम गेम में लक्ष्य ने 4-2 की बढ़त बनाई, लेकिन लाई को उंगली में चोट लगने के कारण मेडिकल टाइमआउट लेना पड़ा। खेल फिर शुरू होने पर स्कोर 4-4 हो गया।

जब कनाडाई खिलाड़ी थकान के संकेत देने लगे, तो लक्ष्य ने 9-6 की बढ़त बना ली। एक शानदार स्मैश और नेट पर बेहतरीन खेल की बदौलत लक्ष्य ने ब्रेक तक 11-7 की बढ़त हासिल कर ली।

ब्रेक के दौरान लक्ष्य को क्रैम्प के लिए इलाज मिला और देर से कोर्ट पर लौटने के कारण उन्हें येलो कार्ड भी दिखाया गया।

इसके बावजूद लक्ष्य ने शानदार हिम्मत दिखाई और स्कोर 15-9 कर दिया। हालांकि लाई ने संघर्ष जारी रखते हुए स्कोर 14-16 तक पहुंचा दिया।

लेकिन अंत में लक्ष्य ने जोरदार वापसी करते हुए 17-14 की बढ़त बनाई। इसके बाद लाई की एक गलती से स्कोर 18-15 हो गया। फिर एक और स्मैश के साथ लक्ष्य जीत से दो अंक दूर पहुंच गए। आखिर में लाई की नेट मिस्टेक के बाद लक्ष्य ने जोरदार स्मैश लगाकर मैच अपने नाम कर लिया और यादगार जीत हासिल की।