
अहमदाबाद में रविवार को टी20 वर्ल्ड कप के सुपर आठ मुकाबले में भारत को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 76 रनों से भारी हार का सामना करना पड़ा। मैच के बाद कप्तान सूर्यकुमार यादव ने स्वीकार किया कि टीम की सबसे बड़ी कमजोरी साझेदारियों का न बन पाना रहा, जिसकी वजह से यह हार मिली।
188 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारतीय बल्लेबाज़ एक के बाद एक विकेट गंवाते चले गए। दक्षिण अफ्रीका के गेंदबाज़ों ने स्लोअर गेंदों का बेहतरीन इस्तेमाल किया और भारत की पूरी टीम 18.5 ओवर में सिर्फ 111 रनों पर ढेर हो गई।
प्रेज़ेंटेशन सेरेमनी में सूर्यकुमार ने कहा, “कभी-कभी यह समझना ज़रूरी होता है कि आप पावरप्ले में मैच नहीं जीत सकते, लेकिन हार ज़रूर सकते हैं। हमें जरूरी साझेदारियां नहीं मिलीं। हम बेहतर बल्लेबाज़ी कर सकते थे।”
पावरप्ले के भीतर ही भारत के शीर्ष तीन बल्लेबाज़ — ईशान किशन (0), अभिषेक शर्मा (15) और तिलक वर्मा (1) — पवेलियन लौट गए और स्कोर 26/3 हो गया।
इस हार से भारत का नेट रन रेट भी (-3.800) काफी गिर गया है। अब सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए भारत को जिम्बाब्वे (26 फरवरी, चेन्नई) और वेस्टइंडीज़ (1 मार्च, कोलकाता) के खिलाफ जीत हासिल करनी होगी।
सूर्यकुमार ने आगे कहा, “यह खेल का हिस्सा है। हम इससे सीखेंगे, बैठकर सोचेंगे और वापसी करेंगे। उम्मीद है अगली बार बल्लेबाज़ी, गेंदबाज़ी और फील्डिंग तीनों में बेहतर करेंगे। हम चीज़ों को सरल रखने की कोशिश करेंगे।”
हालांकि उन्होंने गेंदबाज़ों की जमकर तारीफ की। जसप्रीत बुमराह (3/15) और अर्शदीप सिंह (2/28) ने दक्षिण अफ्रीका को 187/7 पर रोक दिया था, जबकि स्कोर 200 से ऊपर जा सकता था।
“हम शुरुआत में मैच में बने हुए थे। शुरुआत में बहुत अच्छी गेंदबाज़ी की। 7 से 15 ओवर के बीच उन्होंने अच्छा खेला, फिर हमने वापसी की। हमारे गेंदबाज़ों की जोड़ी घातक रही — आठ ओवर में पांच विकेट और सिर्फ 45-50 रन दिए।”
दक्षिण अफ्रीका के कप्तान एडन मार्करम के मुताबिक, मैच जीतने की वजह परिस्थितियों के हिसाब से जल्दी ढलना था।
“यह विकेट पहले मुकाबलों से अलग था। लड़कों ने जल्दी समझ लिया और अपने प्लान बदले। गेंदबाज़ शानदार रहे। शुरुआत में टूर्नामेंट मुश्किल था, लेकिन आज वे कमाल के थे।”
उन्होंने डेविड मिलर (63) और डेवॉल्ड ब्रेविस (45) की साझेदारी को टर्निंग पॉइंट बताया, जिसने शुरुआती झटकों से टीम को उबारा।
“मिलर और ब्रेविस की साझेदारी ने हमें मैच में बनाए रखा। गेंद थोड़ी भारी लग रही थी, इसलिए खाली जगहों में खेलने और तेज़ दौड़ने पर ध्यान दिया। शुरुआत और अंत में भारत ने अच्छी गेंदबाज़ी की, लेकिन बीच के ओवरों में हमारी बल्लेबाज़ी फर्क बनी।”
लुंगी एनगिडी की विविधता भरी गेंदबाज़ी ने भी भारत को बीच के ओवरों में बांध कर रखा। उन्होंने चार ओवर में सिर्फ 15 रन दिए।
मार्करम बोले, “जब भी वह गेंदबाज़ी करता है, हमें लगता है कि वह खतरा बन सकता है। वह लगातार दबाव बनाता है।”
दक्षिण अफ्रीका अब 26 फरवरी को अहमदाबाद में वेस्टइंडीज़ से भिड़ेगा।
मैन ऑफ द मैच डेविड मिलर ने बताया कि उनका प्लान भारतीय स्पिनरों, खासकर वरुण चक्रवर्ती पर हमला करने का था।
“मैं स्पिनरों के खिलाफ आक्रामक होना चाहता था। वे वर्ल्ड क्लास गेंदबाज़ हैं। हमने उनके खिलाफ कई बार खेला है, इसलिए उन्हें दबाव में डालना जरूरी था।”
यह हार भारत के लिए एक बड़ा झटका रही, लेकिन टीम अब बाकी मुकाबलों में वापसी की कोशिश करेगी।








