
शनिवार को पल्लेकेले में खेले गए सुपर एट्स मुकाबले में पाकिस्तान ने श्रीलंका को पांच रन से हराया, लेकिन इसके बावजूद वह टी20 विश्व कप से बाहर हो गया। बेहतर नेट रन रेट (NRR) के चलते न्यूजीलैंड सेमीफाइनल में पहुंच गया।
पाकिस्तान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 212/8 का विशाल स्कोर खड़ा किया। साहिबज़ादा फरहान ने इस पारी में शतक जमाया और वे एक ही टी20 विश्व कप में दो शतक लगाने वाले पहले खिलाड़ी बन गए।
न्यूजीलैंड को पीछे छोड़कर ग्रुप में दूसरे स्थान पर पहुंचने के लिए पाकिस्तान को श्रीलंका को 147 रन या उससे कम पर रोकना जरूरी था। लेकिन ऐसा नहीं हो सका। पहले ही सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर हो चुकी सह-मेजबान श्रीलंका ने 207/6 का स्कोर बनाया।
श्रीलंका की ओर से कप्तान दासुन शनाका ने मात्र 31 गेंदों पर नाबाद 76 रन की तूफानी पारी खेली, जबकि पवन रत्नायके ने 58 रन बनाए।
पाकिस्तान की तरफ से अबरार अहमद सबसे सफल गेंदबाज रहे, जिन्होंने 23 रन देकर तीन विकेट लिए।
सुपर एट्स चरण में न्यूजीलैंड और पाकिस्तान दोनों के तीन-तीन अंक रहे, लेकिन बेहतर नेट रन रेट के कारण न्यूजीलैंड ग्रुप में दूसरे स्थान पर रहते हुए सेमीफाइनल में पहुंच गया। इंग्लैंड पहले ही अपने तीनों सुपर एट्स मैच जीतकर सेमीफाइनल में जगह बना चुका है।
इससे पहले टॉस जीतकर बल्लेबाजी करते हुए पाकिस्तान ने टी20 विश्व कप में अपना सर्वोच्च स्कोर बनाया। साहिबज़ादा फरहान ने 60 गेंदों में शतक जड़ा, जबकि दूसरे ओपनर फखर ज़मान ने 42 गेंदों में 84 रन बनाए।
फरहान ने टूर्नामेंट में कुल 383 रन बनाकर 2014 विश्व कप में विराट कोहली के 319 रनों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। उनकी पारी में पांच छक्के और नौ चौके शामिल रहे। फरहान और फखर के बीच 15.5 ओवर में 176 रन की ओपनिंग साझेदारी हुई। फखर ने नौ चौके और चार छक्के लगाए।
फरहान ने 59 गेंदों में अपना शतक पूरा किया, लेकिन अंतिम ओवर में दिलशान मदुशंका ने उन्हें आउट कर दिया। मदुशंका 3/33 के आंकड़ों के साथ श्रीलंका के सबसे सफल गेंदबाज रहे।
इससे पहले पाकिस्तान का टी20 विश्व कप में सर्वोच्च स्कोर 201/5 था, जो उन्होंने 2016 में कोलकाता में बांग्लादेश के खिलाफ बनाया था।
शानदार जीत के बावजूद पाकिस्तान का अभियान यहीं समाप्त हो गया, जबकि न्यूजीलैंड बेहतर रन रेट के दम पर अंतिम चार में पहुंच गया।








