आर्यना सबालेंका और नाओमी ओसाका के बीच विंबलडन अंतिम-16 में होगा ब्लॉकबस्टर मुकाबला!

दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी आर्यना सबालेंका ने शुक्रवार को शानदार सीधे सेटों में जीत दर्ज करते हुए अपने पहले विंबलडन खिताब की ओर एक और मजबूत कदम बढ़ाया।

बेलारूस की खिलाड़ी सबालेंका ने लातविया की जेलेना ओस्टापेंको को 6-4, 6-4 से हराकर अंतिम-16 में जगह बनाई, जहां अब उनका सामना चार बार की ग्रैंड स्लैम चैंपियन नाओमी ओसाका से होगा।

पूर्व वर्ल्ड नंबर वन ओसाका ने अब तक शानदार प्रदर्शन किया है और पहली बार ऑल इंग्लैंड क्लब में चौथे दौर तक पहुंचकर सबका ध्यान खींचा है। वहीं सबालेंका लगातार 15वें ग्रैंड स्लैम क्वार्टर फाइनल में जगह बनाने के इरादे से उतरेंगी।

ओसाका के खिलाफ मुकाबले को लेकर सबालेंका ने कहा, “एक और आक्रामक खिलाड़ी। एक और बेहद ताकतवर मुकाबला। मैं लड़ने के लिए तैयार हूं और आगे बढ़ने के लिए जो भी जरूरी होगा, करूंगी।”

ओसाका के खिलाफ सबालेंका का रिकॉर्ड अब तक शानदार रहा है, जहां उन्होंने चार मुकाबलों में से तीन में जीत हासिल की है।

विंबलडन में अपने पिछले तीन प्रयासों में सबालेंका हर बार सेमीफाइनल तक पहुंची हैं, लेकिन खिताब जीतने से चूक गईं।

पिछले महीने फ्रेंच ओपन में भी 28 वर्षीय सबालेंका का सामना इसी दौर में ओसाका से हुआ था, जहां उन्होंने सीधे सेटों में जीत हासिल की थी। हालांकि बाद में क्वार्टर फाइनल में उन्हें अप्रत्याशित रूप से डायना श्नाइडर के हाथों हार झेलनी पड़ी थी।

पूर्व रोलां गैरोस चैंपियन ओस्टापेंको ने दूसरे सेट में कुछ संघर्ष जरूर दिखाया, लेकिन वह सबालेंका के लिए कभी भी बड़ा खतरा साबित नहीं हो सकीं।

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Manish Kumar
मनीष कुमार एक अनुभवी खेल पत्रकार हैं, जिन्हें खेल पत्रकारिता में 25 से ज़्यादा सालों का अनुभव है। वह खास तौर पर क्रिकेट के विशेषज्ञ माने जाते हैं, खासकर टेस्ट क्रिकेट जैसे लंबे और चुनौतीपूर्ण फॉर्मेट में। उन्होंने टाइम्स ऑफ इंडिया ऑनलाइन के साथ करीब 16.5 साल तक काम किया, जहां उन्होंने बड़े क्रिकेट आयोजनों की कवरेज की और गहराई से विश्लेषण वाले लेख और उनकी भरोसेमंद राय पेश की। टेस्ट क्रिकेट के प्रति उनका जुनून उनकी लेखनी में साफ दिखाई देता है, जहां वह खेल की बारीकियों, रणनीतिक मुकाबलों और खिलाड़ियों के व्यक्तिगत प्रदर्शन को सरल और स्पष्ट तरीके से समझाते हैं। मनीष अपनी तेज़ नज़र और डिटेल्स पर ध्यान देने के लिए जाने जाते हैं। आज भी वह क्रिकेट के रोमांच, जटिलताओं और कहानी को दुनिया भर के प्रशंसकों तक जीवंत अंदाज़ में पहुंचाते हैं।