महिला टी20 वर्ल्ड कप: फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ नई शुरुआत की उम्मीद के साथ उतरेगा इंग्लैंड!

इंग्लैंड की ऑफ स्पिनर चार्ली डीन का मानना है कि रविवार को लॉर्ड्स में होने वाले महिला टी20 वर्ल्ड कप फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पिछले रिकॉर्ड का कोई महत्व नहीं रहेगा।

करीब डेढ़ साल पहले दोनों टीमों की आखिरी भिड़ंत मल्टी-फॉर्मेट एशेज सीरीज में हुई थी, जहां ऑस्ट्रेलिया ने इंग्लैंड को 16-0 से करारी शिकस्त दी थी। इस बार भी ऑस्ट्रेलिया रिकॉर्ड सातवां टी20 विश्व कप खिताब जीतने का प्रबल दावेदार माना जा रहा है। दो साल पहले न्यूजीलैंड के हाथों चैंपियन का ताज गंवाने के बाद टीम एक बार फिर ट्रॉफी जीतने के बेहद करीब है।

ऑस्ट्रेलिया ने फाइनल तक का सफर शानदार अंदाज में तय किया है। उसने अपने सभी छह मुकाबले जीते हैं, जिसमें सेमीफाइनल में वेस्टइंडीज़ पर आठ विकेट की एकतरफा जीत भी शामिल है।

हालांकि, इंग्लैंड भी पूरे टूर्नामेंट में अजेय रहा है। गुरुवार को द ओवल में खेले गए सेमीफाइनल में उसने दक्षिण अफ्रीका को 40 रन से हराकर फाइनल में जगह बनाई। कप्तान नेट साइवर-ब्रंट ने चोट से वापसी करते हुए 75 रनों की शानदार पारी खेली और टीम को शुरुआती झटकों से उबारा।

इंग्लैंड अब सिर्फ एक जीत दूर है और वह नौ साल बाद अपना पहला बड़ा आईसीसी खिताब जीतने की दहलीज पर खड़ा है। टीम ने आखिरी बार 2017 महिला वनडे विश्व कप अपने नाम किया था।

चार्ली डीन ने AFP से कहा, “हमने पिछले एक साल से ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ नहीं खेला है। हमारे लिए यह एक नई शुरुआत जैसा है। हम जानते हैं कि वे कितनी शानदार टीम हैं और उन्होंने इस टूर्नामेंट में भी अपने सभी मैचों में दबदबा बनाया है। वे बेहद कुशल टीम हैं और उन्हें हराने के लिए हमें अपना सर्वश्रेष्ठ क्रिकेट खेलना होगा। फाइनल में वही टीम जीतेगी जो उस दिन बेहतर प्रदर्शन करेगी। पहले क्या हुआ था, उससे कोई फर्क नहीं पड़ता।”

25 वर्षीय डीन, जिन्होंने कप्तान साइवर-ब्रंट की गैरमौजूदगी में उपकप्तान के रूप में टीम की जिम्मेदारी संभाली थी, ने कहा, “मुझे लगता है कि इंग्लैंड की जर्सी पहनकर मैं पहले से कहीं ज्यादा आत्मविश्वास महसूस कर रही हूं और यही आत्मविश्वास पूरी टीम में भी दिखाई देता है।”

दो साल पहले दुबई में हुए महिला टी20 वर्ल्ड कप के ग्रुप चरण में इंग्लैंड ने वेस्टइंडीज़ के खिलाफ पांच कैच छोड़े थे और हार का सामना करना पड़ा था। वहीं पिछले साल ऑस्ट्रेलिया में एशेज के दौरान भी टीम की फील्डिंग कमजोर रही थी।

हालांकि, इस बार इंग्लैंड की फील्डिंग में काफी सुधार देखने को मिला है। ग्रुप स्टेज में वेस्टइंडीज़ के खिलाफ छह कैच छोड़ने के बावजूद टीम जीतने में सफल रही, जबकि दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ सेमीफाइनल में सोफी एक्लेस्टोन ने दो शानदार कैच लेकर बेहतरीन फील्डिंग का प्रदर्शन किया।

डीन ने इंग्लैंड के फील्डिंग कोच निक विल्टन की अनोखी ट्रेनिंग तकनीकों की भी तारीफ की।

उन्होंने कहा, “वह अपनी पत्नी की चमकदार जैकेट उधार लेते हैं। हर गाने के साथ हम अलग-अलग फील्डिंग ड्रिल करते हैं और वह तेज़ संगीत बजाकर पूरे माहौल को जोश से भर देते हैं।”

उन्होंने आगे कहा, “मुझे उनका तरीका बहुत पसंद है। वह फील्डिंग को हमेशा मजेदार बनाते हैं और हमारे अंदर इसके प्रति जुनून पैदा करते हैं।”

डीन ने अंत में कहा, “अब हम उस मुकाम पर पहुंच गए हैं जहां हम अपनी फील्डिंग से लोगों को प्रभावित करना चाहते हैं। पिछले एक साल में हमारे अंदर जो आत्मविश्वास आया है, वह लगातार बढ़ता ही जा रहा है।”