
अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने रिचर्ड पाइबस को राष्ट्रीय टीम का नया मुख्य कोच नियुक्त किया है। वह जोनाथन ट्रॉट की जगह लेंगे, जिन्होंने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टीम के ग्रुप स्टेज से बाहर होने के बाद पद छोड़ दिया था।
इंग्लैंड में जन्मे रिचर्ड पाइबस अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट जगत के जाने-माने कोच हैं और वह अगले महीने यूएई में श्रीलंका के खिलाफ होने वाली अफगानिस्तान की व्हाइट-बॉल सीरीज़ से अपने कार्यकाल की शुरुआत करेंगे।
अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने मंगलवार (24 फरवरी) को बयान जारी कर कहा, “अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड को यह घोषणा करते हुए खुशी हो रही है कि रिचर्ड पाइबस को अफगानिस्तान राष्ट्रीय टीम का हेड कोच नियुक्त किया गया है। वह मार्च में श्रीलंका के खिलाफ होने वाली व्हाइट-बॉल सीरीज़ से पहले टीम से जुड़ेंगे।”
खेल करियर चोटों की वजह से जल्दी खत्म होने के बाद पाइबस ने कोचिंग की राह पकड़ी और वहां शानदार सफलता हासिल की। वह 2013 से 2019 तक वेस्टइंडीज के हेड कोच, डायरेक्टर ऑफ क्रिकेट और हाई परफॉर्मेंस प्रमुख रहे। उनके कार्यकाल में वेस्टइंडीज क्रिकेट के लिए मजबूत ढांचा तैयार हुआ।
साल 2016 उनके लिए खास रहा, जब वेस्टइंडीज की पुरुष, महिला और अंडर-19 टीमों ने एक ही साल में आईसीसी वर्ल्ड कप खिताब जीते।
पाइबस पाकिस्तान को 1999 वर्ल्ड कप फाइनल तक पहुंचाने में भी अहम भूमिका निभा चुके हैं, जहां टीम उपविजेता रही थी। इसके अलावा उन्होंने 2013 में बांग्लादेश क्रिकेट के साथ भी वरिष्ठ भूमिका निभाई।
उन्होंने दक्षिण अफ्रीका की घरेलू और फ्रेंचाइज़ी क्रिकेट में भी काम किया, जहां उनकी कोचिंग में टीमों ने नौ खिताब जीते। इसी शानदार योगदान के लिए उन्हें दो बार साउथ अफ्रीकन क्रिकेट कोच ऑफ द ईयर का पुरस्कार भी मिल चुका है।
रिचर्ड पाइबस ने पाकिस्तान के मोहम्मद रिज़वान और दक्षिण अफ्रीका के फाफ डु प्लेसिस जैसे खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय क्रिकेटर बनने में मदद की है। उन्होंने तेज़ गेंदबाज़ डेल स्टेन के साथ भी काम किया और उन्हें महान गेंदबाज़ों में से एक बनाने में योगदान दिया।
वह लेवल फोर सीएसए प्रमाणित कोच हैं और न्यूरोलिडरशिप इंस्टीट्यूट से एग्जीक्यूटिव कोचिंग सर्टिफिकेट भी हासिल कर चुके हैं। साथ ही वह सर्टिफाइड परफॉर्मेंस कोच और मास्टर लेवल एनएलपी प्रैक्टिशनर भी हैं।
शैक्षणिक रूप से भी उनका रिकॉर्ड मजबूत है। 2022 में लंदन की मिडलसेक्स यूनिवर्सिटी ने उन्हें “ऑप्टिमल परफॉर्मेंस सिस्टम” पर रिसर्च के लिए प्रोफेशनल प्रैक्टिस में डॉक्टरेट की उपाधि दी। इसके अलावा उन्होंने ग्रीनविच यूनिवर्सिटी से पोस्टग्रेजुएट डिग्री और पोर्ट्समाउथ यूनिवर्सिटी से बीए (ऑनर्स) की पढ़ाई पूरी की है।
अब देखना दिलचस्प होगा कि रिचर्ड पाइबस के नेतृत्व में अफगानिस्तान क्रिकेट किस नई दिशा में आगे बढ़ता है।








