
पर्थ में शुरू हुए पहले एशेज टेस्ट के पहले ही दिन ऐसा कोहराम मचा कि कुल 19 विकेट गिर गए। इंग्लैंड को 172 पर ढेर करने के बाद, कप्तान बेन स्टोक्स की अगुवाई में इंग्लैंड की तेज़ गेंदबाज़ी ने ऑस्ट्रेलिया को भी झकझोर कर रख दिया और दिन का अंत 123/9 पर कर दिया।
स्टोक्स ने टॉस जीतकर बल्लेबाज़ी चुनी, लेकिन ऑस्ट्रेलिया के तूफानी गेंदबाज़ मिचेल स्टार्क ने 7/58 लेकर इंग्लैंड की कमर तोड़ दी। लंच के बाद इंग्लैंड का पतन तेज़ी से हुआ—केवल हैरी ब्रुक (52) और ओली पोप (46) ही थोड़ी चुनौती दे पाए।
दूसरी ओर, इंग्लैंड ने गेंद से जोरदार वापसी की। स्टोक्स ने 5/23 लेकर मैच को पलट दिया। दिन के अंत तक ब्रेंडन डॉगेट शून्य पर और नाथन लॉयन 3 रन पर नाबाद रहे।
ब्राइडन कार्स ने कहा— “क्या दिन था! यहां आए फैन्स को पूरा मज़ा मिला—19 विकेट। हमारी आखिरी सेशन शानदार रही।”
ऑस्ट्रेलिया की पारी: शुरुआत से ही हादसा
जेक वेदरॉल्ड अपने टेस्ट करियर की दूसरी ही गेंद पर जॉफ्रा आर्चर की तेज़ गेंद पर LBW हो गए। इसके बाद मार्नस लाबुशेन 41 गेंद पर 9 बनाकर आर्चर की रफ़्तार के आगे टिक नहीं सके।
स्टीव स्मिथ भी ब्रुक के हाथों स्लिप में कैच देकर 17 पर आउट हुए। ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 31/4 हो चुका था।
उस्मान ख्वाजा, जो हल्की चोट के कारण ओपन नहीं कर पाए, नंबर चार पर आए—लेकिन केवल 6 गेंद टिक सके।
कार्स की बाउंसर ने उन्हें जेमी स्मिथ के हाथों कैच करा दिया।
इसके बाद भी एलेक्स केरी (26), कैमरन ग्रीन (24), ट्रैविस हेड (21), स्टार्क (12)
सबने शुरुआत की, पर कोई बड़ी पारी नहीं खेल पाया—क्योंकि स्टोक्स ने आते ही सबको समेट दिया।
कार्स ने कहा— “स्टोक्स अद्भुत हैं—उनकी हिम्मत और जज़्बा ही इस टीम की पहचान है।”
स्टार्क ने शुरुआती ओवर में ज़ैक क्रॉली का विकेट उखाड़ दिया—यह उनका ओपनिंग ओवर में 24वां विकेट था।
बेन डकेट ने स्कॉट बोलैंड पर दो शानदार चौके लगाए, पर स्टार्क ने उन्हें LBW कर दिया। स्कोर—33/2
जो रूट सात गेंद ही टिक पाए और लाबुशेन के हाथों तीसरी स्लिप में कैच हो गए।
लंच तक 105/4, फिर लंच के बाद विनाश।
ब्रुक ने बोलैंड पर छक्का जड़ा, लेकिन स्टार्क ने कप्तान स्टोक्स की गिल्लियाँ उड़ाकर मैच को ऑस्ट्रेलिया की मुट्ठी में कर दिया। ब्रुक ने बहादुरी से 58 गेंदों पर 52 बनाए, लेकिन डॉगेट को अपना पहला टेस्ट विकेट दे बैठे।
इसके बाद स्टार्क और डॉगेट ने मिलकर टेल को बेरहमी से समेट दिया। स्टार्क के नाम 17वां फाइव-विकेट हॉल दर्ज हुआ।








